Headlines

जूट मिलों पर गहराई संकट अब होगी दूर। 

 

 

बंगाल की जूट मिलों में से कुछ बीमार तो कुछ बंद है। दसकों से जूट उद्योग उपेक्षित है। नतीजा जूट मिलों पर निर्भर मजदूर परिवारों की हालत बदतर है।  मिले केंद्र के नियंत्रण में हैं।  इतने दिनों तक इस बहाने बंगाल की पिछली सरकार जूट उद्योग के प्रति उदासीन रही। अब केंद्र एवं राज्य में भाजपा की सरकार है। नए सरकार के आने से जनता की उम्मीदे बढ़ी है। इस प्रसंग में भाजपा विधायक अर्जुन सिंह ने कहा कि समस्या दूर की जाएगी। राज्य सरकार की कोशिश रहेगी कि प्रदेश की राइस मीलें अनाज पैकेजिंग के लिए कम से कम 20 प्रतिशत  जूट के बोरों की खरीदारी करें।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *